Gajal shayari in hindi | गजल शायरी हिंदी में | hindi ghazal shayari romantic - All Shayari-Hindi poems,Love shayari,Hindi Quotes,shayari status

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Thursday, November 18, 2021

Gajal shayari in hindi | गजल शायरी हिंदी में | hindi ghazal shayari romantic

 Gajal shayari in hindi

Gajal shayari in hindi
Gajal shayari in hindi

दिखता नही ओ सख्स मुझको जो अपनी शर्तों पर जीना चाहता था
कल एक ख्वाब पड़ा मिला मुझे जमीन पर तुम्हारा है क्या
और जिसने छोड़ा था मुझे ये कहकर हजारो मिल जायेंगे तुझ जैसे
ओ अपनी शहेली से पूछा करती है ओ लड़का आज भी कुँआरा है क्या

इश्क गुनाह है तो इल्जाम सिर्फ मुझी पर नही आएगा
इंतजार रहेगा जब तक रेगिस्तान जमीं पर नही आएगा
की गिरा रहा है मुझको होने खातिर बराबर मेरे
टुटा भी तारा तो आसाम से जमीं पर नही आएगा
और दिल का दर्द निकाल रोने पर जो आता है
उतना तो चेहरे पर निखार हँसी पर नही आएगा
कमियां अपनी दूर कर नही सकते तो ये जान तो
लोगों का ध्यान पैसे वाले के कमी पर नही आएगा

जवाब तो हैं पर बताने लायक सवालात नही हैं
तुम समझते हो उतने भी अच्छे हालात नही है
है सब लड़के मान लिया पर एक आईना
मैं भी एक लड़का हु मेरे यो ऐसे खयालात नही है

काले घेरे आंखों पर रात भर नींद नही होती
जैसे हमने की वैसे जिंदगी बसर नही होती
और अन्दाजा भी लगा नही सकते तुम हालात का हमारी
रोते हैं भी तो आंखों को खबर नही होती

हम भी हमारी ओर से अंदाजा लगा रहे हैं
मांग के वो वक्त बस दरवाजा लगा रहे हैं
ओ हैं कि लगाते नही ध्यान भी हमारी तरफ
हम हैं जो उनके लिए जी जान लगा रहे हैं
मुझे कोई गम नही उससे दिल लगाने का
थोड़ा अफसोस है कि ज्यादा लगा रहे हैं

कैसी हालत है और कैसा दिख रहा है
बड़ा खामोश होकर ओ चीख रहा है
और बारहवीं पास नही हुई जिस लड़के से
जरा सोचों ओ तुम्हारे लिये गजले लिख रहा है

की ओ दिल मे हलचल तुम्हारे शिरकत से हुई थी
बेख्याली के सुबह उस रोज से हुई थी
और प्यार किया था दिल लगाकर हमने तुमसे
दिमाग लगाकर तो बारहवीं मुश्किल से ही थी

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